विश्व शाकाहारी दिवस का महत्व और इतिहास

Share Us

3607
 विश्व शाकाहारी दिवस का महत्व और इतिहास
01 Oct 2021
3 min read

News Synopsis

कोविड महामारी के आने के बाद से लोगों में देखा गया है कि वे शाकाहारी भोजन करना ज्यादा पसंद कर रहे हैं। कई शोधों में यह भी बताया गया है कि शाकाहारी भोजन करने से हर व्यक्ति को जरूरी मिनरल्स, प्रोटीन, फैट्स, आयरन, विटामिन्स आदि मिल जाते हैं।

जो लोग शाकाहारी जीवन शैली अपनाते हैं उन्हें प्रोत्साहित करने के लिए नॉर्थ अमेरिकन वेजिटेरियन सोसाइटी ने 1977 में विश्व शाकाहारी दिवस की शुरुआत की थी और सन् 1978 में इंटरनेशनल वेजिटेरियन यूनियन द्वारा समर्थन पाने के बाद हर वर्ष लोग 1 अक्टूबर को विश्व शाकाहारी दिवस के रूप में मनाने लगे। इतना ही नहीं, पूरे अक्टूबर महीने को भी लोग वेजिटेरियन मंथ के रूप में मनाते हैं।

कई लोग वेगन और वेजिटेरियन डाइट में अक्सर फर्क नहीं बता पाते हैं। वेगन डाइट में आप ऐसे कोई भी खाद्य पदार्थ को शामिल नहीं कर सकते हैं, जो जानवरों से प्राप्त होते हैं। यहां तक की आप शहद, अंडे और दूध भी अपनी डाइट में शामिल नहीं कर सकते हैं। वेगन डाइट में आप सिर्फ उन खाद्य पदार्थ को ले सकते हैं जो प्लांट बेस्ड हैं।