GeM ने पूरे किए 10 साल, अब AI और सस्टेनेबल प्रोक्योरमेंट पर होगा बड़ा फोकस

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GeM ने पूरे किए 10 साल, अब AI और सस्टेनेबल प्रोक्योरमेंट पर होगा बड़ा फोकस
11 Aug 2026
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News Synopsis

Government e-Marketplace (GeM) ने अपने सफर के 10 साल पूरे कर लिए हैं और अब यह अपने दूसरे दशक में प्रवेश कर चुका है। सरकार का लक्ष्य GeM को और अधिक Technology-driven, Inclusive और Efficient बनाना है, ताकि सरकारी खरीद प्रक्रिया को आसान, पारदर्शी और प्रभावी बनाया जा सके।

केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री Piyush Goyal ने GeM के 10वें Foundation Day के अवसर पर सार्वजनिक खरीद व्यवस्था में Artificial Intelligence, व्यापक डिजिटल पहुंच और Sustainable Procurement को बढ़ावा देने की जरूरत पर जोर दिया।

नई दिल्ली के Bharat Mandapam में आयोजित कार्यक्रम में Goyal ने GeM के अगले चरण के लिए पांच प्रमुख प्राथमिकताएं बताईं। इनका उद्देश्य Buyers और Sellers दोनों के अनुभव को बेहतर बनाना तथा देश के अलग-अलग हिस्सों से ज्यादा से ज्यादा व्यवसायों को सरकारी खरीद व्यवस्था से जोड़ना है।

GeM के अगले दशक की पांच प्रमुख प्राथमिकताएं (Five Key Priorities for GeM's Next Decade)

सरकार GeM के अगले दशक में केवल Platform का विस्तार करने के बजाय उसकी उपयोगिता और प्रभाव को बढ़ाने पर ध्यान देना चाहती है।

Piyush Goyal ने पांच प्रमुख क्षेत्रों को प्राथमिकता देने की बात कही।

1. Last-Mile Access का विस्तार (Expanding Last-Mile Access)

सरकार चाहती है कि GeM की सुविधाएं देश के छोटे शहरों, जिलों और दूरदराज के क्षेत्रों में रहने वाले व्यवसायों तक भी आसानी से पहुंचें।

2. Artificial Intelligence का ज्यादा इस्तेमाल (Increasing the Use of Artificial Intelligence)

AI का इस्तेमाल Procurement Intelligence, Price Analysis और Marketplace Integrity जैसे क्षेत्रों में बढ़ाने पर जोर दिया जाएगा।

3. ज्यादा सरकारी संगठनों को जोड़ना (Integrating More Government Organisations)

State Governments, Public Sector Enterprises, Panchayats और Cooperatives सहित अधिक संस्थाओं को GeM Ecosystem से जोड़ने की योजना है।

4. Credit Access में सुधार (Improving Access to Credit)

छोटे कारोबारों को Government Orders पूरा करने के लिए आवश्यक Working Capital और Credit तक बेहतर पहुंच देने पर ध्यान दिया जाएगा।

5. Sustainable Procurement को बढ़ावा (Promoting Sustainable Procurement)

सरकारी खरीद में Environmental और Sustainability Factors को अधिक महत्व देने की योजना है।

सरकार Universities को भी GeM Ecosystem से जोड़ना चाहती है, ताकि Young Innovators, Startups और नई कंपनियों को भी सरकारी खरीद के अवसर मिल सकें।

AI से Public Procurement बनेगी ज्यादा स्मार्ट (AI to Make Public Procurement Smarter)

GeM के भविष्य में Artificial Intelligence की भूमिका महत्वपूर्ण होने वाली है।

Piyush Goyal ने GeM Platform में AI के अधिक इस्तेमाल का आह्वान किया है, ताकि Buyers और Sellers दोनों बेहतर जानकारी के आधार पर Procurement Decisions ले सकें।

AI का किन क्षेत्रों में हो सकता है इस्तेमाल (Potential Applications of AI)

AI का इस्तेमाल Price Intelligence, Price Validation और Marketplace Integrity जैसे क्षेत्रों में किया जा सकता है।

AI आधारित Tools सरकारी Buyers को किसी Product या Service की कीमत का बेहतर आकलन करने में मदद कर सकते हैं। इससे Transparency बढ़ाने और Procurement Process में मौजूद Inefficiencies को कम करने में मदद मिल सकती है।

इसका व्यापक उद्देश्य ऐसा Data-driven Marketplace तैयार करना है, जहां Technology की मदद से सरकारी खरीद के फैसले तेज और बेहतर तरीके से लिए जा सकें।

GeM Last-Mile Access को करेगा मजबूत (GeM to Expand Last-Mile Access)

GeM की अगली प्राथमिकताओं में उन Enterprises तक डिजिटल सेवाएं पहुंचाना भी शामिल है, जिन्हें Online Platforms का इस्तेमाल करने में कठिनाई हो सकती है।

Piyush Goyal ने अलग-अलग जिलों में GeM Suvidha Kendras का विस्तार करने पर जोर दिया है।

GeM सुविधा केंद्रों की प्रमुख सेवाएं (Key Services of GeM Suvidha Kendras)

इन केंद्रों के माध्यम से व्यवसायों को कई प्रकार की सहायता मिल सकती है, जैसे।

  • Registration में सहायता।

  • Product Cataloguing।

  • Training।

  • Grievance Redressal।

  • GeM Platform के इस्तेमाल की जानकारी।

इन सुविधाओं का विस्तार छोटे व्यवसायों और ऐसे Enterprises के लिए महत्वपूर्ण हो सकता है, जहां Digital Infrastructure या डिजिटल जानकारी की उपलब्धता अभी सीमित है।

इससे छोटे शहरों और जिलों के अधिक Businesses को Government Procurement में भाग लेने का अवसर मिल सकता है।

सरकारी संस्थाओं के बीच बढ़ेगा Integration (Wider Integration Across Government)

सरकार Public Procurement को एक Unified Ecosystem में बदलने की दिशा में भी काम कर रही है।

इसमें State Governments, Public Sector Enterprises, Panchayats और Cooperatives जैसी संस्थाओं को GeM से जोड़ना शामिल है।

अधिक सरकारी संस्थाओं के जुड़ने से एक व्यापक National Marketplace तैयार हो सकता है, जहां ज्यादा Government Buyers और Indian Businesses एक ही Digital Platform के माध्यम से जुड़ सकें।

इसका उद्देश्य Public Procurement को अधिक Seamless बनाना और Sellers को बड़े Customer Base तक पहुंच उपलब्ध कराना है।

क्रेडिट एक्सेस और सस्टेनेबल प्रोक्योरमेंट पर जोर (Focus on Credit Access and Sustainable Procurement)

Piyush Goyal ने GeM का इस्तेमाल करने वाले Businesses के लिए Credit-related सुविधाओं को मजबूत करने की जरूरत पर भी जोर दिया।

सरकार GeM Sahay जैसी योजनाओं का विस्तार करने और Trade Receivables Discounting System (TReDS) के साथ बेहतर Linkages विकसित करने की दिशा में काम कर रही है।

छोटे व्यवसायों के लिए Credit क्यों महत्वपूर्ण है (Why Credit Access Matters for Small Businesses)

Government Orders मिलने के बाद छोटे Businesses को कई बार सामान तैयार करने, खरीदने या सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए Working Capital की जरूरत होती है।

ऐसे में बेहतर Credit Access छोटे Enterprises को समय पर Government Orders पूरा करने में मदद कर सकता है।

इसके साथ ही GeM Sustainable Procurement को भी बढ़ावा देना चाहता है। इसका मतलब है कि सरकारी Buyers खरीदारी करते समय Environmental Impact और Sustainability जैसे पहलुओं पर भी ध्यान दें।

विश्वविद्यालय भी GeM इकोसिस्टम से जुड़ेंगे (Universities to Join GeM Ecosystem)

सरकार GeM में Universities की भागीदारी बढ़ाने की योजना भी बना रही है।

इसका उद्देश्य Educational Institutions को GeM Ecosystem से जोड़ना है, ताकि Young Innovators और नई कंपनियों को अपने Products और Services को Government Buyers तक पहुंचाने का अवसर मिल सके।

स्टार्टअप्स और इनोवेटर्स को मिल सकते हैं नए अवसर (New Opportunities for Startups and Innovators)

Universities के साथ बेहतर जुड़ाव से ऐसे Startups को भी फायदा हो सकता है जो नई Technology, Products या Services विकसित कर रहे हैं।

इससे Public Sector Buyers को भी नए और Innovative Solutions तक पहुंच मिल सकती है।

GeM पर ₹20 लाख करोड़ से अधिक की खरीद (GeM Crosses ₹20 Lakh Crore in Procurement)

9 अगस्त 2016 को लॉन्च होने के बाद GeM ने एक Digital Marketplace से बढ़कर देशव्यापी Government Procurement Platform का रूप ले लिया है।

सरकारी आंकड़ों के अनुसार, GeM के माध्यम से अब तक ₹20 लाख करोड़ से अधिक की Cumulative Procurement की जा चुकी है।

यह खरीद 3.78 करोड़ से अधिक Orders के माध्यम से हुई है।

वर्तमान में GeM पर 25 लाख से अधिक Sellers और 1.37 लाख से अधिक Buyer Organisations Registered हैं।

ये आंकड़े बताते हैं कि अपने पहले दशक में GeM ने कितने बड़े स्तर पर विस्तार किया है।

MSEs की GeM Procurement में बड़ी हिस्सेदारी (MSEs Account for a Major Share of Procurement)

Micro and Small Enterprises (MSEs) GeM Ecosystem का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुके हैं।

सरकार के अनुसार, 12.28 लाख से अधिक MSEs ने GeM के माध्यम से ₹9 लाख करोड़ से अधिक के Orders पूरे किए हैं।

यह GeM के कुल Gross Merchandise Value (GMV) का लगभग 45.6 प्रतिशत है।

महिला नेतृत्व वाले उद्यमों की भी महत्वपूर्ण भागीदारी (Women-led Enterprises Also Make Significant Contributions)

महिला नेतृत्व वाले Businesses ने भी GeM पर महत्वपूर्ण योगदान दिया है।

2.24 लाख से अधिक Women-led MSEs ने 50 लाख से अधिक Orders पूरे किए हैं, जिनकी कुल Value ₹1 लाख करोड़ से अधिक है।

यह आंकड़ा बताता है कि GeM केवल बड़े Businesses तक सीमित नहीं है, बल्कि Women Entrepreneurs और छोटे Enterprises को भी Government Procurement से जोड़ रहा है।

स्टार्टअप्स को सरकारी खरीद में मिल रहे अवसर (Startups Gain Government Procurement Opportunities)

GeM ने Startups को भी Government Buyers तक पहुंच बनाने का अवसर दिया है।

सरकारी आंकड़ों के अनुसार, 42,242 Startups ने GeM के माध्यम से ₹65,633 करोड़ से अधिक के Government Orders हासिल किए हैं।

आने वाले वर्षों में Startups और Small Businesses की भागीदारी GeM की Expansion Strategy का महत्वपूर्ण हिस्सा बनी रह सकती है।

सरकार का उद्देश्य Public Procurement को ज्यादा Businesses के लिए Accessible बनाना है, ताकि देशभर के Entrepreneurs को Government Market तक पहुंच मिल सके।

GeM ने लॉन्च किया नया पांच अंकों वाला Helpdesk Number (GeM Launches New Five-Digit Helpdesk Number)

GeM ने अपने 10वें Foundation Day के अवसर पर एक Nationwide Five-digit Helpdesk Number भी लॉन्च किया है।

GeM का नया Helpdesk Number 14550 है।

यह Number GeM के मौजूदा Helpdesk Infrastructure से जुड़ा है और Buyers, Sellers तथा अन्य Stakeholders को सहायता प्राप्त करने के लिए एक आसान और पहचानने योग्य माध्यम उपलब्ध कराता है।

इसके अलावा GeM ने अपने 10वें Foundation Day की याद में एक Customized 'My Stamp' भी जारी किया।

क्रेताओं और विक्रेताओं को सम्मानित किया गया (Buyers and Sellers Felicitated)

Foundation Day कार्यक्रम में Government Buyers, Sellers, Entrepreneurs, Policymakers और GeM के विकास में योगदान देने वाले अन्य Stakeholders शामिल हुए।

Central और State Government Departments के Outstanding Buyers तथा प्रमुख Sellers को Public Procurement Ecosystem को मजबूत करने में उनके योगदान के लिए सम्मानित किया गया।

कार्यक्रम में GeM की पिछले 10 वर्षों की यात्रा पर आधारित एक Film भी प्रदर्शित की गई।

GeM के अगले चरण में Impact पर होगा फोकस (GeM's Next Phase to Focus on Impact)

GeM के दूसरे दशक में प्रवेश के साथ सरकार का ध्यान केवल Platform का विस्तार करने तक सीमित नहीं रहेगा।

अब Technology Adoption, Procurement Intelligence, Faster Processes, Wider Participation और Ease of Doing Business जैसे मुद्दे GeM के भविष्य के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

सरकार चाहती है कि GeM ऐसा Marketplace बने जहां सरकारी Buyers को बेहतर Products और Services मिलें और Indian Businesses को ज्यादा बड़े बाजार तक पहुंच प्राप्त हो।

निष्कर्ष (Conclusion)

GeM का दूसरा दशक AI-driven Procurement, Digital Access, Sustainable Purchasing, Credit Support और Wider Participation पर केंद्रित रहने वाला है।

पहले ही GeM के माध्यम से ₹20 लाख करोड़ से अधिक की Procurement हो चुकी है। अब सरकार का लक्ष्य इस Platform को और ज्यादा Smart, Inclusive और Data-driven Marketplace बनाना है।

AI और Data Analytics जैसी Technologies Procurement Decisions को बेहतर बनाने में मदद कर सकती हैं, जबकि GeM Suvidha Kendras जैसे प्रयास Digital Divide को कम कर सकते हैं।

MSEs, Women-led Enterprises और Startups की बढ़ती भागीदारी यह भी दिखाती है कि GeM भारत के छोटे और उभरते Businesses के लिए Government Market तक पहुंच का महत्वपूर्ण माध्यम बन चुका है।

आने वाले वर्षों में यदि Technology, Sustainability, Credit Access और Last-mile Connectivity पर लगातार काम किया जाता है, तो GeM भारत की Public Procurement व्यवस्था को अधिक पारदर्शी, कुशल और समावेशी बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।