दीपिंदर गोयल की LAT Aerospace ने Sharang Shakti को खरीदा

Share Us

41
दीपिंदर गोयल की LAT Aerospace ने Sharang Shakti को खरीदा
28 Feb 2026
6 min read

News Synopsis

जोमैटो के जरिए आपके घरों तक खाना पहुंचाने वाले दीपिंदर गोयल अब आसमान की सुरक्षा और उड़ानों की दुनिया में बड़े बदलाव की तैयारी कर रहे हैं, अब उन्होंने अपनी एविएशन कंपनी LAT Aerospace के जरिए डिफेंस सेक्टर में कदम रख दिया है।

इस विस्तार के लिए उन्होंने Sharang Shakti नाम के एक उभरते हुए डिफेंस स्टार्टअप का अधिग्रहण कर लिया है, दीपिंदर गोयल का मानना है, कि नागरिक उड्डयन (Civil Aviation) और रक्षा (Defence) भले ही अलग दिखते हों, लेकिन उनकी बुनियादी तकनीक- जैसे ऑटोनॉमी, सेंसिंग और नेविगेशन एक जैसी ही होती है।

क्या है 'शारंग शक्ति' (Sharang Shakti)?

शारंग शक्ति गुरुग्राम का एक स्टार्टअप है, जिसे 2023 में IIT-दिल्ली के पूर्व छात्रों (करण गोयल, चिराग सिंगला, गौरव कुमार, जितेंद्र सिंह और ऋषभ चौधरी) ने शुरू किया था।

एंटी-ड्रोन सिस्टम: यह कंपनी ऐसी तकनीक बना रही है, जो अवैध या दुश्मन के ड्रोन्स को पहचान कर उन्हें हवा में ही खत्म कर सकती है।

लो C-SWaP रडार: इनके रडार छोटे आकार के होते हैं, जिन्हें आसानी से कहीं भी ले जाया जा सकता है, और ये सूक्ष्म ड्रोन्स को भी पकड़ लेते हैं।

हार्ड-किल इंटरसेप्टर: यह सिस्टम केवल ड्रोन को जाम नहीं करता, बल्कि उसे मार गिराने की क्षमता भी रखता है।

दीपिंदर गोयल का बड़ा 'विज़न'

दीपिंदर गोयल Deepinder Goyal ने हाल ही में Eternal (Zomato की पैरेंट कंपनी) के ग्रुप सीईओ पद से इस्तीफा दिया था, ताकि वे जोखिम भरे और नए आइडियाज पर काम कर सकें।

इन-हाउस तकनीक: इस अधिग्रहण के बाद LAT Aerospace डिफेंस और नागरिक उड्डयन के लिए जरूरी सेंसिंग और नेविगेशन सिस्टम खुद तैयार करेगी।

हाइब्रिड मॉडल: गोयल का लक्ष्य ऐसी तकनीक बनाना है, जिसका उपयोग सीमा की सुरक्षा और भविष्य के 'एयर टैक्सी' जैसे प्रोजेक्ट्स, दोनों में किया जा सके।

LAT Aerospace: भविष्य की उड़ान

LAT Aerospace की शुरुआत 2025 में दीपिंदर गोयल और सुरभि दास (जोमैटो की पूर्व सीओओ) ने की थी।

मकसद: भारत में ऐसी विमान सेवा शुरू करना जो कम दूरी के लिए सस्ती और सुलभ हो।

निवेश: गोयल ने इस स्टार्टअप में करीब 20 मिलियन डॉलर (लगभग 174 करोड़ रुपये) का निवेश किया है।

STOL विमान: कंपनी छोटे रनवे से उड़ान भरने वाले (Short Take-Off and Landing) विमानों पर काम कर रही है।

स्वदेशी रक्षा क्षमताओं को बढ़ावा

भारत सरकार के 'मेक इन इंडिया' और 'आत्मनिर्भर भारत' अभियान के तहत निजी कंपनियों और स्टार्टअप्स को रक्षा क्षेत्र में बढ़ावा दिया जा रहा है, शारंग शक्ति जैसी कंपनियों का LAT Aerospace के साथ जुड़ना भारत की रक्षा तकनीक को वैश्विक स्तर पर मजबूती प्रदान करेगा।

निष्कर्ष:

दीपिंदर गोयल का डिफेंस टेक में उतरना यह दर्शाता है, कि भारतीय उद्यमी अब केवल उपभोक्ता सेवाओं तक सीमित नहीं रहना चाहते, एयरोस्पेस और डिफेंस जैसे कठिन क्षेत्रों में उनका प्रवेश न केवल नई तकनीक लाएगा, बल्कि भारत को रक्षा उपकरणों के मामले में आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम साबित होगा।