Kylaq Skoda की पहली सब-4 मीटर SUV है, और भारत में कंपनी की ग्रोथ में इसकी अहम भूमिका रही है, साल 2025 में कंपनी की सालाना बिक्री में 36 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है, जिसमें Kylaq का बड़ा योगदान बताया गया है, स्कोडा ऑटो फॉक्सवैगन इंडिया ने बताया कि भारत में बनना शुरू होने के एक साल के अंदर ही Skoda Kylaq का प्रोडक्शन 50,000 यूनिट तक पहुंच गया है।
यह उपलब्धि महाराष्ट्र के चाकण प्लांट में हासिल की गई है, कंपनी के मुताबिक यह मॉडल भारत में ज्यादा गाड़ियों की बिक्री बढ़ाने और लागत को कम करने में मदद कर रहा है, यहां इस सब-4 मीटर SUV का निर्माण ज्यादा लोकल पार्ट्स के साथ किया जाता है, Kylaq के प्रोडक्शन को सपोर्ट करने के लिए स्कोडा ऑटो फॉक्सवैगन इंडिया ने चाकण फैक्ट्री की क्षमता 30 प्रतिशत तक बढ़ा दी है, इसके साथ ही कंपनी ने देश के सप्लायर्स के साथ काम बढ़ाया है, ताकि लोकलाइजेशन का स्तर और बेहतर हो सके।
Skoda Kylaq को MQB-A0-IN प्लेटफॉर्म पर बनाया गया है, जिस पर फॉक्सवैगन ग्रुप की कई भारत के लिए खास गाड़ियां तैयार की गई हैं, स्कोडा के मॉडर्न सॉलिड डिजाइन सोच के अनुसार बनी यह SUV ग्लॉसी ब्लैक फ्रंट ग्रिल, शार्प LED लाइट्स और मजबूत रोड प्रेजेंस के साथ आती है, इसमें 189 मिमी का ग्राउंड क्लीयरेंस दिया गया है, और 16 व 17 इंच के अलॉय व्हील का विकल्प मिलता है।
Skoda Kylaq के इंटीरियर भी बेहद मॉडर्न है, इसके अंदर का केबिन शानदार लेआउट के साथ आता है, जिसमें 10.1 इंच का टचस्क्रीन और 8 इंच का डिजिटल कॉकपिट दिया गया है, इसके अलावा 6-वे इलेक्ट्रिक एडजस्टेबल और वेंटिलेशन वाले फ्रंट सीट्स, इलेक्ट्रिक सनरूफ और वायरलेस फोन चार्जर जैसे फीचर्स भी मिलते हैं।
Skoda Kylaq की कीमत 7.59 लाख रुपए एक्स-शोरूम से शुरू होती है, भारतीय बाजार में कार का मुकाबला टाटा नेक्सॉन, मारुति ब्रेजा, किआ सोनेट और महिंद्रा XUV 3XO जैसी गाड़ियों से होता है, Skoda Kylaq में 1.0 लीटर का TSI तीन-सिलेंडर टर्बो पेट्रोल इंजन दिया गया है, जो 115 PS की पावर और 178 NM का टॉर्क पैदा करता है, इसमें 6-स्पीड मैनुअल या 6-स्पीड ऑटोमैटिक (टॉर्क कन्वर्टर) गियरबॉक्स का ऑप्शन मिलता है, सेफ्टी के मामले में Skoda Kylaq को 5-स्टार BNCAP रेटिंग मिली है, इसमें 6 एयरबैग, इलेक्ट्रॉनिक स्टेबिलिटी कंट्रोल, मल्टी-कोलिजन ब्रेकिंग, ISOFIX चाइल्ड सीट माउंट, TPMS और हिल होल्ड कंट्रोल जैसे सेफ्टी फीचर्स मिलते हैं।
Kylaq का असर स्कोडा की भारत में सेल्स परफॉर्मेंस में दिखता है। कैलेंडर वर्ष (CY) 2025 में ब्रांड ने देश में अब तक की सबसे ज़्यादा सालाना बिक्री दर्ज की, जिसमें 72,665 यूनिट्स बेची गईं। इस वॉल्यूम का लगभग 62% Kylaq से आया, जिसने 45,000 से ज़्यादा यूनिट्स का योगदान दिया।
50,000 यूनिट्स के प्रोडक्शन माइलस्टोन से पता चलता है, कि कैसे एक सिंगल हाई-वॉल्यूम प्रोडक्ट, जिसे लोकलाइज़ेशन, कॉम्पिटिटिव प्राइसिंग और सेगमेंट के हिसाब से फीचर्स का सपोर्ट मिला, उसने भारत में स्कोडा के बड़े पैमाने के लक्ष्यों को बदल दिया है।