आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) कंपनी OpenAI में इंफ्रास्ट्रक्चर नेतृत्व को लेकर बड़ा बदलाव होने जा रहा है। कंपनी के कंप्यूट विभाग की जिम्मेदारी संभाल रहे सचिन कट्टी अगले महीने अपना पद छोड़ने की तैयारी में हैं। उन्होंने बताया है कि OpenAI में उनका आखिरी कार्यदिवस 15 नवंबर 2026 होगा। पद छोड़ने के बाद भी वह सलाहकार के रूप में कंपनी से जुड़े रहेंगे।
सचिन कट्टी ने अपने फैसले के पीछे नया उद्यम शुरू करने की इच्छा बताई है। उनके अनुसार, उन्हें नए विचारों पर काम करना और नई परियोजनाएं बनाना पसंद है। उनका यह फैसला ऐसे समय आया है, जब OpenAI अपने AI मॉडल विकसित करने, उन्हें प्रशिक्षित करने और उपयोगकर्ताओं तक पहुंचाने के लिए बड़े पैमाने पर कंप्यूटिंग क्षमता बढ़ा रही है।
कट्टी के बाद उदय रुद्रराजू कंपनी के व्यापक कंप्यूट संगठन की जिम्मेदारी संभालेंगे। वह इससे पहले OpenAI में कंप्यूट विभाग के मुख्य प्रौद्योगिकी अधिकारी के रूप में काम कर चुके हैं। नई भूमिका में वह कंपनी की कंप्यूटिंग जरूरतों, इंफ्रास्ट्रक्चर की योजना और तकनीकी संसाधनों से जुड़े कामों की निगरानी करेंगे। वहीं, GPT Infra टीम की जिम्मेदारी OpenAI के हार्डवेयर उपाध्यक्ष रिचर्ड हो को सौंपी जाएगी।
OpenAI में नेतृत्व परिवर्तन के बाद उदय रुद्रराजू कंपनी के पूरे कंप्यूट संगठन का नेतृत्व करेंगे। वह OpenAI के अध्यक्ष ग्रेग ब्रॉकमैन को रिपोर्ट करेंगे। उनकी जिम्मेदारियों में कंप्यूटिंग इंफ्रास्ट्रक्चर की योजना बनाना और यह सुनिश्चित करना शामिल होगा कि कंपनी के AI मॉडल के विकास तथा संचालन के लिए पर्याप्त संसाधन उपलब्ध हों।
कंप्यूट विभाग OpenAI के कामकाज का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। आधुनिक AI मॉडल को प्रशिक्षित करने और उनके माध्यम से उपयोगकर्ताओं के सवालों के जवाब देने के लिए बड़ी कंप्यूटिंग क्षमता, विशेष चिप और विशाल डेटा सेंटर की जरूरत होती है।
कंपनी के उत्पादों और AI मॉडलों का विस्तार होने के साथ इन संसाधनों की मांग भी बढ़ रही है। ऐसे में रुद्रराजू की नियुक्ति OpenAI की इंफ्रास्ट्रक्चर योजनाओं को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।
सचिन कट्टी GPT Infra नामक टीम का नेतृत्व भी कर रहे थे। यह टीम OpenAI के AI मॉडलों का उपयोग सेमीकंडक्टर डिजाइन और इंफ्रास्ट्रक्चर के विकास में करने पर काम करती है।
कट्टी के पद छोड़ने के बाद OpenAI के हार्डवेयर उपाध्यक्ष रिचर्ड हो इस टीम की निगरानी करेंगे। इस बदलाव के जरिए कंपनी अपने कंप्यूट और हार्डवेयर विभागों के बीच जिम्मेदारियों का नया बंटवारा कर रही है।
OpenAI में अपने कार्यकाल के दौरान सचिन कट्टी की प्रमुख जिम्मेदारी डेटा सेंटर के लिए कंप्यूटिंग संसाधन जुटाना और बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर समझौतों का समन्वय करना था। कंपनी को अपने AI मॉडल विकसित करने और उनकी सेवाएं चलाने के लिए लगातार अधिक कंप्यूटिंग क्षमता की जरूरत पड़ रही है।
कट्टी के अनुसार, उनके नेतृत्व में OpenAI ने कई दस गीगावाट के स्तर पर कंप्यूटिंग क्षमता हासिल करने से जुड़े प्रयास किए। इन प्रयासों में ओहायो, पोर्ट्समाउथ और जॉर्जिया जैसे स्थानों की परियोजनाएं शामिल थीं।
उन्होंने SB Energy के साथ कंप्यूटिंग संबंधी समझौतों और Amazon Web Services (AWS) के साथ OpenAI की साझेदारी के विस्तार की भी निगरानी की। इसके अलावा, NVIDIA, Oracle, Microsoft और Google जैसी प्रमुख तकनीकी कंपनियों के साथ सहयोग भी इस काम का हिस्सा रहा।
इन साझेदारियों से OpenAI को जरूरी हार्डवेयर, क्लाउड कंप्यूटिंग क्षमता और डेटा सेंटर से जुड़े संसाधन जुटाने में मदद मिलती है। AI सेवाओं की मांग बढ़ने के साथ ऐसी व्यवस्थाएं कंपनी के लिए और भी महत्वपूर्ण हो गई हैं।
कट्टी के कार्यकाल के दौरान OpenAI ने अपनी कस्टम Jalapeno इंफरेंस चिप पेश की। इसके साथ ही, Cerebras की AI चिपों के इस्तेमाल के लिए 20 अरब डॉलर के कथित समझौते की भी जानकारी सामने आई।
इंफरेंस चिप का उपयोग प्रशिक्षित AI मॉडल से सवालों के जवाब तैयार कराने और अन्य अनुरोधों को संसाधित करने में होता है। विशेष रूप से तैयार की गई चिपें AI प्रणालियों की गति, क्षमता और संसाधनों की जरूरत को पूरा करने में मदद कर सकती हैं।
कट्टी OpenAI की Stargate डेटा सेंटर परियोजना को नए सिरे से व्यवस्थित करने के प्रयासों में भी शामिल रहे। इस परियोजना का उद्देश्य कंपनी की कंप्यूटिंग क्षमताओं को व्यापक स्तर पर बढ़ाना है।
सचिन कट्टी तकनीकी शोध, अकादमिक क्षेत्र और बड़ी तकनीकी कंपनियों में नेतृत्व का अनुभव रखते हैं। OpenAI में आने से पहले वह Intel में मुख्य प्रौद्योगिकी अधिकारी (CTO) के रूप में काम कर चुके हैं। इसके अलावा, वह स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी में सहायक प्रोफेसर के रूप में भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं।
कट्टी का करियर अकादमिक शोध से लेकर व्यावसायिक नेतृत्व और बड़े तकनीकी इंफ्रास्ट्रक्चर के विकास तक फैला है। Intel में उनकी भूमिका ने उन्हें सेमीकंडक्टर और कंप्यूटिंग तकनीक से जुड़े कामों का अनुभव दिया। OpenAI में उन्होंने इसी तरह के तकनीकी ज्ञान का उपयोग कंपनी की बढ़ती कंप्यूटिंग जरूरतों को पूरा करने में किया।
सचिन कट्टी ने मैसाचुसेट्स इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (MIT) से कंप्यूटर साइंस में पीएचडी की है। उन्होंने भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान, मुंबई (IIT Bombay) से इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग में स्नातक की पढ़ाई पूरी की।
उनकी शैक्षणिक और औद्योगिक पृष्ठभूमि कंप्यूटिंग तथा संचार तकनीक के शोध को बड़े तकनीकी सिस्टम बनाने की व्यावहारिक जरूरतों से जोड़ती है।
OpenAI की इंफ्रास्ट्रक्चर विस्तार योजना से पता चलता है कि उन्नत AI मॉडल विकसित करने के लिए कंप्यूटिंग संसाधनों की जरूरत लगातार बढ़ रही है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, कंपनी वर्ष 2030 तक कंप्यूटिंग पर कुल मिलाकर लगभग 600 अरब डॉलर खर्च करने का लक्ष्य रख रही है।
कंपनी की योजनाओं में अमेरिका के कई राज्यों में बड़े डेटा सेंटर स्थापित करना शामिल है। ओहायो में SB Energy और NVIDIA के साथ आठ गीगावाट क्षमता वाली परियोजना का उल्लेख किया गया है, जबकि जॉर्जिया में एक अन्य केंद्र की योजना OpenAI तैयार कर रही है।
इन परियोजनाओं के लिए कंप्यूटिंग उपकरणों, बिजली आपूर्ति, डेटा सेंटर सुविधाओं और सहायक इंफ्रास्ट्रक्चर में भारी निवेश की आवश्यकता होती है। उदय रुद्रराजू की नियुक्ति ऐसे समय हुई है, जब कंपनी इन योजनाओं को आगे बढ़ाने और अपने AI मॉडल को बड़े स्तर पर संचालित करने की तैयारी कर रही है।
सचिन कट्टी का पद छोड़ने का फैसला OpenAI में हाल के नेतृत्व बदलावों के बीच आया है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, कंपनी में कई वरिष्ठ अधिकारियों की भूमिकाओं में परिवर्तन हुआ है।
उत्पाद और कारोबार प्रमुख फिजी सिमो जुलाई 2026 में सलाहकार की भूमिका में चली गईं। ब्रैड लाइटकैप और डेनिस ड्रेसर ने अगस्त में कंपनी छोड़ी, जबकि इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़े क्रिस मेलोन और पीटर होशेले के जाने की भी जानकारी सामने आई। इसके बाद अक्टूबर में सुरक्षा क्षेत्र के प्रमुख डेविड रॉबिन्सन ने इस्तीफा दिया।
इन बदलावों ने इसलिए भी ध्यान आकर्षित किया है, क्योंकि OpenAI अपने कारोबार, AI उत्पादों और तकनीकी इंफ्रास्ट्रक्चर का तेजी से विस्तार कर रही है। कंपनी के अध्यक्ष ग्रेग ब्रॉकमैन पहले कह चुके हैं कि OpenAI की AI उद्योग में प्रमुख स्थिति के कारण उसके अधिकारियों के जाने की घटनाओं पर सार्वजनिक रूप से अधिक ध्यान दिया जाता है।
पद छोड़ने के बावजूद सचिन कट्टी ने उदय रुद्रराजू और मौजूदा कंप्यूट टीम पर भरोसा जताया है। वह 15 नवंबर 2026 के बाद सलाहकार के रूप में कंपनी से जुड़े रहेंगे, जबकि GPT Infra टीम की जिम्मेदारी रिचर्ड हो संभालेंगे।
सचिन कट्टी का OpenAI से पद छोड़ना कंपनी के इंफ्रास्ट्रक्चर विस्तार के महत्वपूर्ण दौर में नेतृत्व परिवर्तन है। उदय रुद्रराजू अब कंप्यूट विभाग की कमान संभालेंगे और डेटा सेंटर, कंप्यूटिंग क्षमता तथा AI मॉडल के संचालन से जुड़ी योजनाओं को आगे बढ़ाएंगे। वहीं, रिचर्ड हो GPT Infra टीम की निगरानी करेंगे।
OpenAI की भविष्य की योजनाओं में बड़े डेटा सेंटर और कंप्यूटिंग संसाधनों का विस्तार शामिल है। ऐसे में नए नेतृत्व की भूमिका कंपनी की तकनीकी जरूरतों को पूरा करने में महत्वपूर्ण होगी।