लग्जरी कार निर्माता कंपनी Mercedes-Benz ने 140वीं सालगिरह के मौके पर अपनी W223 S क्लास के मिड-लाइफसाइकिल अपडेट को पेश किया है, और कंपनी ने इसमें नेक्स्ट-जनरेशन टेक्नोलॉजी और अपग्रेडेड पावरट्रेन का बड़ा इस्तेमाल किया गया है, जो Euro 7 एमिशन नॉर्म्स के लिए तैयार हैं।
Mercedes-Benz की इस इंडस्ट्री-लीडिंग फ्लैगशिप लिमोजीन में कई कॉस्मेटिक बदलाव भी किए गए हैं, जोकि कुछ हल्के और कुछ ज्यादा भी शामिल हैं, इसके साथ ही कंपनी की मैन्युफैक्चर कैटलॉग के ज़रिए पर्सनलाइज़ेशन के ज़्यादा ऑप्शन भी दिए गए हैं, नई फेसलिफ्ट Mercedes-Benz S Class को 2026 के आखिर में या साल 2027 की शुरुआत में भारत में लॉन्च हो सकती है।
अपडेट्स की बात करें तो सबसे बड़ा अपडेट इसके इंटीरियर में किया गया है, लेकिन इसका इंटरफ़ेस दरवाज़ा खोलते ही साफ़ दिख जाता है, इसमें फ्लोइंग, लकड़ी के पैनल वाला डैशबोर्ड दिया गया है, जिसके बीच में वर्टिकल टचस्क्रीन दी गई थी, जो अब नहीं दिया गया है, और उसकी जगह एक ग्लॉस ब्लैक पैनल दिया गया है, जिसमें तीन स्क्रीन दी गई हैं, जिनमें Mercedes-Benz की भाषा में कहें तो एक सुपरस्क्रीन है।
इसमें 12.3-इंच का ड्राइवर और आगे वाले पैसेंजर डिस्प्ले वहीं हैं, जहां इसके होने की संभावना है, लेकिन इसकी खासियत यह है, कि 14.4-इंच की सेंट्रल टचस्क्रीन है, जो इस कार का दिल और दिमाग है, इस कार को MB OS आर्किटेक्चर पर बनाया गया है, जिसमें MB ड्राइव असिस्ट का फ़ंक्शन मिलता है, जो एक ADAS है, और स्टैंडर्ड के तौर पर आता है।
हालांकि जिन मार्केट में इसकी इजाज़त होगी, जैसे कि चीन और फिर US, वहां ड्राइव असिस्ट प्रो भी दिया जाएगा, जो फुल सेल्फ ड्राइविंग (FSD) है, पहले की तरह Mercedes-Benz S-Class में स्टैंडर्ड तौर पर एडैप्टिव एयर सस्पेंशन दिया गया है, जिसमें एक्टिव, सेल्फ-लेवलिंग सस्पेंशन एक ऑप्शन के तौर पर मिलता है, और जबकि 10-डिग्री रियर-एक्सल स्टीयरिंग ऑप्शनल रहेगा, इसका छोटा 4.5-डिग्री वर्जन अब स्टैंडर्ड है।
जैसा कि ऊपर बताया, कार में स्क्रीन ने पारंपरिक डैशबोर्ड की जगह ले ली है, जिससे कार को ज़्यादा टेक-हैवी लुक मिला है, हर सामने वाली सीट के पीछे अभी भी दो 13.1-इंच की रियर एंटरटेनमेंट टचस्क्रीन हैं, जबकि रियर कंट्रोलर टैबलेट की जगह दो छोटे अलग-अलग टच कंट्रोलर लगाए गए हैं, जो पर्सनल स्मार्टफोन जैसे हैं।
हालांकि इसका मतलब यह नहीं है, कि कार की लग्ज़री खत्म हो गई है, कार में रिच लेदर, जो ऑप्शनल तौर पर क्विल्टेड भी किए गए है, और अभी भी दरवाजों और सीटों पर लगाए गए है, इसके अलावा सेंटर कंसोल और विंडो सिल्स पर कुछ लकड़ी या ट्रिम पैनलिंग अभी भी मिल सकती है, लेकिन अब यह बहुत कम है।
डैशबोर्ड के ऊपर चार छोटे AC वेंट की जगह मेटल स्ट्रिप्स की एक पतली पट्टी लगाई गई है, जिसमें LED बैंड लगे हैं, जो एक्टिव रूप से रंग बदलते हैं, और जो क्लाइमेट यूनिट को छिपाते हैं, इसके अलावा किनारों पर वर्टिकल वेंट की जगह एम्बिएंट लाइटिंग वाले मेटैलिक रोटरी वेंट दिए गए हैं, जो लग्ज़री, एलिगेंट S-Class लुक से सबसे ज़्यादा अलग दिखते हैं।
Mercedes-Benz E-Class की तरह ही सभी AC वेंट पावर्ड हैं, और इन्हें 'डिफ्यूज़' और 'फोकस' जैसे प्रीसेट के साथ डिजिटल रूप से एडजस्ट किया जा सकता है, लेकिन इन्हें हाथ से भी मैन्युअल रूप से एडजस्ट किया जा सकता है।
वैसे तो इसके लाइन-अप में कोई नया इंजन नहीं जोड़ा गया है, लेकिन पूरी रेंज को आने वाले Euro 7 एमिशन नॉर्म्स को पूरा करने के लिए अपडेट किया गया है, बड़ी बात यह है, कि इन अपडेट्स की वजह से छह-सिलेंडर डीजल और पेट्रोल V8 दोनों को बरकरार रखा गया है, और ये दोनों ही भारतीय बाजार में लॉन्च किए जाएंगे।
पहले की तरह ही सभी इंजन 48V माइल्ड हाइब्रिड सिस्टम और 17kW इंटीग्रेटेड स्टार्टर जेनरेटर (ISG) की मदद से चलते हैं, जिन्हें भी पहले से ज़्यादा मज़बूत बूस्ट देने और कोस्टिंग और इंजन पावर के बीच ट्रांज़िशन को स्मूथ बनाने के लिए अपग्रेड किया गया है।
कंपनी ने इसे M177 Evo नाम दिया है, जो 3982cc ट्विन-टर्बोचार्ज्ड V8 इंजन है, और इसमें नए फायरिंग ऑर्डर के साथ फ्लैट-प्लेन क्रैंक डिज़ाइन दिया गया है, और इसमें वाइब्रेशन को कम करने के लिए डुअल बैलेंसर शाफ्ट का इस्तेमाल किया गया है।
नई S-Class 580 में यह इंजन 537hp की पावर और 750Nm तक टॉर्क प्रदान करता है, जिसके आने वाले कई AMG मॉडल्स में इसके नए एप्लीकेशन में और भी ज़्यादा होने की उम्मीद है, इस इंजन को 6-सिलेंडर पेट्रोल (जिसे अब M 256 Evo नाम दिया गया है) के साथ ऑप्टिमाइज़्ड इनटेक और एग्जॉस्ट पोर्ट, और एक रिवाइज्ड इनटेक कैमशाफ्ट के साथ अपग्रेड किया गया है, और इसके साथ ही इंसुलेशन भी बढ़ाया गया है।
फेसलिफ्टेड S-Class के एक्सटीरियर की बात करें तो, इसके डिज़ाइन में हाल ही में बड़े बदलाव किए गए हैं, नया वर्जन निश्चित रूप से ज़्यादा शानदार दिखाई देता है, जिसमें ग्रिल 20 प्रतिशत बड़ी हो गई है, जिसकी पारंपरिक पट्टियों में छोटे क्रोम स्टार लगाए गए हैं, और जिसका फ्रेम हल्के से रोशन होता है।
कार में बोनट के ऊपर का स्टार भी इलुमिनेट किया गया है, और इसकी हेडलाइट्स बड़ी की गई हैं, और हर यूनिट में तीन-पॉइंट वाले स्टार DRLs का एक पेयर दिया गया है, कार में Mercedes-Benz की सबसे नई माइक्रो-LED डिजिटल लाइट टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल किया गया है, जो 40 प्रतिशत ज़्यादा रोशनी देती है, जबकि यह हल्की है, और कम एनर्जी इस्तेमाल करती है।
साइड प्रोफाइल की बात करें, तो यहां किए गए बदलावों को पहचानना मुश्किल है, इसमें नए व्हील डिज़ाइन दिए गए हैं, जिनमें एक नई हाई-प्रेशर कास्टिंग तकनीक से बनाए गए जटिल 50-स्पोक यूनिट शामिल हैं, इसके साथ ही नए स्टैंडर्ड पेंट शेड्स भी देखने को मिलते हैं, जिनमें से कई मैन्युफैक्चर एक्सक्लूसिव कैटलॉग से लिए गए हैं।
इसमें चारों ओर ज़्यादा सेंसर भी लगाए गए हैं, जिनमें 10 कैमरे, पांच रडार और 12 अल्ट्रासोनिक सेंसर शामिल हैं, ये सभी काफी अपग्रेड की गई ADAS टेक्नोलॉजी के लिए हैं, रियर प्रोफाइल की बात करें तो, यहां मुख्य बदलाव पतली टेल-लैंप में देखने को मिलती है, जो E-Class की तरह अब अपने सिग्नेचर में तीन-पॉइंटेड स्टार LED मोटिफ को शामिल करते हैं।