महिंद्रा की नई इलेक्ट्रिक एसयूवी BE 6 और XEV 9e की भारत में ज़बरदस्त मांग देखी जा रही है। सिर्फ़ पाँच महीनों में इनकी जॉइंट सेल 20,000 यूनिट को पार कर गई है। कुल मिलाकर मालिक अब तक हाईवे और शहर की सड़कों पर 9.3 करोड़ किलोमीटर से ज़्यादा की यात्रा कर चुके हैं।
यह उपलब्धि दर्शाती है, कि भारतीय खरीदार बड़ी इलेक्ट्रिक गाड़ियों के प्रति किस तरह आकर्षित हो रहे हैं। इससे पता चलता है, कि BE 6 और XEV 9e को शहर में इस्तेमाल होने वाली दूसरी गाड़ियों के बजाय मुख्य पारिवारिक SUV के रूप में अपनाया जा रहा है। दोनों ही इलेक्ट्रिक SUV, महिंद्रा के एडवांस्ड INGLO प्लेटफ़ॉर्म पर आधारित हैं, जिसे विशेष रूप से इलेक्ट्रिक मोबिलिटी के लिए डिज़ाइन किया गया है।
XEV 9e और BE 6 के बैटरी ऑप्शन में 59 kWh और 79 kWh के पैक शामिल हैं, दोनों ही ब्लेड LFP सेल का उपयोग करते हैं। बड़ा पैक 683 किलोमीटर तक की सर्टिफाइड रेंज प्रदान करता है, जबकि महिंद्रा के टेस्ट के अनुसार रियल ड्राइविंग कम्फर्ट से 500 किलोमीटर से अधिक की दूरी तय कर सकती है। DC फ़ास्ट चार्जर से 20 से 80 प्रतिशत तक चार्ज होने में लगभग 20 मिनट लगते हैं।
परफॉर्मेंस के आंकड़े BE 6 और XEV 9e को अपनी श्रेणी में सबसे मज़बूत गाड़ियों में से एक बनाते हैं। दोनों SUVs का पावर आउटपुट 231 से 286 हॉर्सपावर तक है, और टॉर्क 380Nm है। BE 6 इन दोनों में से ज़्यादा तेज़ है, जो 0-100 किमी/घंटा की रफ़्तार सिर्फ़ 6.7 सेकंड में पकड़ लेती है, और दोनों इलेक्ट्रिक SUVs की अधिकतम स्पीड 200 किमी/घंटा से ज़्यादा है।
दोनों एसयूवी में आराम और स्थिरता के संतुलन के लिए ट्यून किए गए सस्पेंशन सेटअप हैं, जिनमें से BE 6 ज़्यादा स्पोर्टी है। दोनों इलेक्ट्रिक महिंद्रा एसयूवी में फ्लैट फ्लोर लेआउट भी है, जिससे केबिन के अंदर ज़्यादा जगह मिलती है।
BE 6 और XEV 9e दोनों ही गाड़ियों में टेक्नोलॉजी पर ज़ोर दिया गया है। XEV 9e के लिए ट्रिपल-स्क्रीन डैशबोर्ड (BE 6 में 2-स्क्रीन सेटअप है), डॉल्बी एटमॉस सपोर्ट वाला 16-स्पीकर 1400W हाई-डेफ़िनिशन साउंड सिस्टम, ओवर-द-एयर अपडेट के साथ कनेक्टेड सेवाएँ और लेवल 2+ ADAS ड्राइवर सहायता जैसी सुविधाएँ शामिल हैं। दोनों इलेक्ट्रिक गाड़ियों में 6 एयरबैग और कई अन्य सेफ्टी इक्विपमेंट हैं, और इन्हें भारत NCAP की फाइव-स्टार सेफ्टी रेटिंग मिली है।
इन इलेक्ट्रिक एसयूवी का रनिंग कॉस्ट, उनके ICE प्रतिद्वंद्वियों की तुलना में एक और फायदा है। महिंद्रा का अनुमान है, कि BE 6 और XEV 9e लगभग ₹1.1 प्रति किलोमीटर की दर से चलती हैं, जबकि पेट्रोल या डीजल एसयूवी के लिए यह लगभग ₹9 है। सब्सिडी और टैक्स बेनिफिट्स के साथ पांच सालों में मालिक ₹12 लाख से ₹13 लाख तक की बचत कर सकते हैं।
महिंद्रा की BE 6 और XEV 9e इलेक्ट्रिक एसयूवी की सिर्फ़ पाँच महीनों में 20,000 से ज़्यादा यूनिट बिक चुकी हैं, जो एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है, और भारत में इलेक्ट्रिक वाहनों के तेज़ी से अपनाए जाने का संकेत है, और उन्हें मुख्यधारा के पारिवारिक वाहनों में बदलने में मदद करती है। ये इलेक्ट्रिक एसयूवी कुल मिलाकर 9.3 करोड़ किलोमीटर चल चुकी हैं, जो भारतीय सड़कों पर उनकी बढ़ती मौजूदगी को और भी दर्शाता है।