देश की जानी-मानी स्टेनलेस स्टील बनाने वाली कंपनी जिंदल स्टेनलेस लिमिटेड (JSL) ने घोषणा की कि उसने बॉलीवुड एक्टर रणवीर सिंह को अपना पहला 'ब्रांड एंबेसडर' और देश भर में 'सेलिब्रिटी एंडोर्सर' बनाया है।
हमजा अली अंसारी यानी धुरंधर 2 के रणवीर सिंह की एक्टिंग की हर तरफ तारीफ हो रही है, धुरंधर 2 ने पूरे देश में धमाल मचा रखा है, कमाई के मामले में रणवीर सिंह की इस फिल्म ने बड़े-बड़े रिकॉर्ड तोड़ दिए है, धुरंधर 2 की बढ़ती लोकप्रियता और रणबीर सिंह की बेजोड़ एक्टिंग को अब देश की नामी स्टील कंपनी भुनाना चाह रही है।
इसी कड़ी में देश की टॉप स्टेनलेस स्टील कंपनी जिंदल स्टेनलेस स्टील ने रणवीर सिंह को अपना पहला ब्रांड एंबेसडर नियुक्त किया है, जिंदल की इस डील के तहत रणवीर सिंह को नेशनल लेबल का सेलिब्रिटी एंडोर्सर बनाया गया है, दरअसल कंपनी का मानना है, कि इस पार्टनरशिप से कंपनी की विजिविलटी तो बढेगी साथ ही साथ ग्राहकों के साथ मजबूत जुड़ाव में यह बेहद अहम भूमिका अदा करेगा।
कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर Abhyuday Jindal के मुताबकि कंपनी अपने विकास के अगले चरण में प्रवेश कर रही है, और रणवीर सिंह की ऊर्जावान छवि तथा जनता के साथ उनकी मजबूत कनेक्टिविटी, स्टेनलेस स्टील की बहुमुखी उपयोगिता को देशभर के लोगों तक पहुंचाने में मदद करेगी.यह साझेदारी रणवीर सिंह की पर्सनालिटी—जिन्हें दृढ़ता, उच्च प्रदर्शन और भरोसे के लिए जाना जाता है, और कंपनी के मूल सिद्धांतों, जैसे टिकाऊपन और नवाचार के साथ जोड़ती है।
स्टेनलेस स्टील देश के कई बड़े विकास कार्यों का अहम हिस्सा रहा है—चाहे वह आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर और ट्रांजिट प्रोजेक्ट्स जैसे Vande Bharat Express स्लीपर ट्रेन हों, या रक्षा क्षेत्र में BrahMos जैसे प्रोजेक्ट्स, और अंतरिक्ष मिशन जैसे चंद्रयान 3. इस सहयोग के जरिए कंपनी स्टेनलेस स्टील के योगदान को और अधिक उजागर करना चाहती है, ताकि लोग देश के विकास में इसकी भूमिका को बेहतर तरीके से समझ सकें, वित्तीय प्रदर्शन की बात करें तो JSL ने FY25 में ₹40,182 करोड़ का वार्षिक टर्नओवर दर्ज किया है, और FY27 तक अपनी उत्पादन क्षमता बढ़ाकर 4.2 मिलियन टन सालाना करने की योजना बना रही है, कंपनी के पास भारत के साथ-साथ स्पेन और इंडोनेशिया में कुल 16 मैन्युफैक्चरिंग और प्रोसेसिंग यूनिट्स हैं, और मार्च 2025 तक 12 देशों में इसका वैश्विक नेटवर्क फैला हुआ है।
भारत की लीडिंग स्टेनलेस स्टील मैन्युफैक्चरर जिंदल स्टेनलेस का FY25 में सालाना टर्नओवर INR 40,182 करोड़ (USD 4.75 बिलियन) था, और यह FY27 में 4.2 मिलियन टन सालाना मेल्ट कैपेसिटी तक पहुंचने के लिए अपनी फैसिलिटी को बढ़ा रही है। मार्च 2025 तक भारत और विदेशों (स्पेन और इंडोनेशिया सहित) में इसकी 16 स्टेनलेस स्टील निर्माण और प्रसंस्करण इकाइयां हैं, और 12 देशों में इसका वैश्विक नेटवर्क फैला हुआ है। मार्च 2025 तक भारत में इसके दस बिक्री कार्यालय और छह सेवा केंद्र हैं। कंपनी की उत्पाद श्रृंखला में स्टेनलेस स्टील स्लैब, ब्लूम्स, कॉइल्स, प्लेट्स, शीट्स, प्रिसिजन स्ट्रिप्स, वायर रॉड्स, रिबार्स, ब्लेड स्टील और कॉइन ब्लैंक्स शामिल हैं।
जिंदल स्टेनलेस अपनी कॉस्ट कॉम्पिटिटिवनेस और ऑपरेशनल एफिशिएंसी को बढ़ाने के लिए अपने इंटीग्रेटेड ऑपरेशन्स पर निर्भर है। 1970 में शुरू हुई जिंदल स्टेनलेस, इनोवेशन और ज़िंदगी को बेहतर बनाने के विज़न से प्रेरित है, और सोशल ज़िम्मेदारी के लिए कमिटेड है।
जिंदल स्टेनलेस पर्यावरण की ज़िम्मेदारी से चलने वाले ग्रीन और सस्टेनेबल भविष्य पर फ़ोकस करता है। कंपनी इलेक्ट्रिक आर्क फर्नेस में स्क्रैप का इस्तेमाल करके स्टेनलेस स्टील बनाती है, जिससे ग्रीनहाउस गैस का उत्सर्जन कम होता है, और क्वालिटी में कोई कमी आए बिना इसे रीसायकल किया जा सकता है।