Google अपने वीडियो बनाने वाले टूल Google Vids को नए AI-पावर्ड फ़ीचर्स के साथ और बेहतर बना रहा है, ताकि वीडियो बनाना ज़्यादा तेज़ और आसान हो सके। कंपनी के अनुसार इस अपडेट में फ्री वीडियो जेनरेशन, AI-जेनरेटेड म्यूजिक और कस्टमाइजेबल अवतार के साथ-साथ आसान रिकॉर्डिंग और डायरेक्ट पब्लिशिंग टूल्स भी शामिल हैं। इन नए फ़ीचर्स के साथ Google Vids को एक ऐसे ऑल-इन-वन प्लेटफ़ॉर्म के तौर पर पेश कर रहा है, जहाँ यूज़र्स बिना ज़्यादा मैन्युअल एडिटिंग या बाहरी टूल पर निर्भर हुए, वीडियो बना सकते हैं, उन्हें एडिट कर सकते हैं, और शेयर कर सकते हैं।
पिछले साल लॉन्च हुआ Vids, Google के Workspace लाइनअप में सबसे नया जुड़ाव है। जल्दी वीडियो प्रेजेंटेशन के लिए डिज़ाइन किया गया, यह AI का इस्तेमाल करके स्टोरीबोर्डिंग, सीन सजेशन, स्टॉक इमेजरी और बैकग्राउंड म्यूज़िक के टूल्स के साथ प्रोसेस को आसान बनाता है, जिससे वीडियो बनाना ज़्यादा आसान हो जाता है।
लेटेस्ट अपडेट के साथ यह प्लेटफॉर्म ज़्यादा AI-ड्रिवन होता जा रहा है, जिससे यूज़र्स सब कुछ मैनुअली बनाने के बजाय कंटेंट जेनरेट कर सकते हैं। गूगल ने कहा कि अलग-अलग रिकॉर्डिंग, एडिटिंग और इफ़ेक्ट जोड़ने के बजाय यूज़र्स अब ज़्यादातर प्रोसेस को संभालने के लिए AI टूल्स पर भरोसा कर सकते हैं।
एक बड़ा बदलाव फ्री वीडियो जेनरेशन की शुरुआत है। Google के नए मॉडल Veo 3.1 का इस्तेमाल करके यूज़र्स एक आसान टेक्स्ट प्रॉम्प्ट या किसी फ़ोटो से भी छोटे वीडियो क्लिप बना सकते हैं। Google ने बताया कि सभी पर्सनल अकाउंट्स को हर महीने 10 वीडियो बनाने की सुविधा मुफ़्त मिलेगी। यह सोशल मीडिया पोस्ट, ग्रीटिंग क्लिप या बेसिक प्रमोशनल वीडियो जैसे तुरंत बनने वाले कंटेंट के लिए काफ़ी काम का हो सकता है। जिन यूज़र्स को ज़्यादा वीडियो बनाने की ज़रूरत है, वे बड़े प्लान्स में अपग्रेड कर सकते हैं।
Google अपने Lyria 3 और Lyria 3 Pro मॉडल्स के ज़रिए AI-जनरेटेड म्यूज़िक भी जोड़ रहा है। ये टूल्स यूज़र्स को ऐसे साउंडट्रैक बनाने की सुविधा देते हैं, जो उनके वीडियो के टोन से मेल खाते हों। रिपोर्ट के अनुसार Google AI Pro और Ultra प्लान के सब्सक्राइबर्स 30 सेकंड से लेकर तीन मिनट तक के म्यूज़िक क्लिप बना सकते हैं। कंपनी ने बताया कि इससे रॉयल्टी-फ्री म्यूज़िक खोजने या ऑडियो को मैन्युअली एडिट करने की ज़रूरत खत्म हो जाती है।
Google के अनुसार Google Vids में AI अवतारों को ऑन-स्क्रीन प्रेजेंटर की तरह काम करने के लिए डिज़ाइन किया गया है, जो यूज़र्स के वीडियो को शुरू से आखिर तक एक जैसा चेहरा और आवाज़ देते हैं। Veo 3.1 की मदद से यूज़र्स सिर्फ़ 'टॉकिंग हेड्स' (बोलते हुए चेहरे) तक ही सीमित नहीं रहते, बल्कि अवतारों को अलग-अलग सीन में भी रख सकते हैं। वे अवतारों को प्रोडक्ट्स या प्रॉप्स जैसी चीज़ों के साथ इंटरैक्ट करवा सकते हैं, और उन्हें अपनी पसंद के बैकग्राउंड के सामने रख सकते हैं। इससे ट्यूटोरियल, सोशल मीडिया वीडियो या कहानी वाले कंटेंट बनाना आसान हो जाता है, और आपको खुद को बार-बार रिकॉर्ड करने की ज़रूरत नहीं पड़ती।
यूज़र्स अपने वीडियो के स्टाइल के हिसाब से अपने अवतार के लुक को अपनी मर्ज़ी से बदल सकते हैं। इसमें कपड़े बदलना, चेहरे के डिटेल्स को एडजस्ट करना, और बैकग्राउंड बदलना शामिल है, और यह सब करते हुए भी आवाज़ और पहचान वही रहती है। चाहे यह किसी ट्रैवल व्लॉग के लिए हो, स्कूल प्रोजेक्ट के लिए, या किसी कैज़ुअल क्लिप के लिए, अवतार को उस मूड से मैच करने के लिए स्टाइल किया जा सकता है, जिससे कंटेंट ज़्यादा शानदार और दिलचस्प लगता है।
Google ने Google Chrome के लिए एक स्क्रीन रिकॉर्डर एक्सटेंशन पेश किया है, जिससे यूज़र्स Google Vids को अलग से खोले बिना अपनी स्क्रीन और खुद को भी रिकॉर्ड कर सकते हैं। इसका मतलब है, कि यूज़र्स किसी भी वेबसाइट को ब्राउज़ करते समय तुरंत रिकॉर्डिंग शुरू कर सकते हैं। यह Vids में मौजूद वही रिकॉर्डिंग टूल्स उनके ब्राउज़र पर लाता है, जिससे प्रोसेस तेज़ और ज़्यादा आसान हो जाता है।
एक बार जब आपका वीडियो तैयार हो जाता है, तो यूज़र्स उसे Google Vids से सीधे YouTube पर अपलोड कर सकते हैं। इसके लिए पहले फ़ाइल डाउनलोड करने और फिर उसे मैन्युअल रूप से दोबारा अपलोड करने की कोई ज़रूरत नहीं है। डिफ़ॉल्ट रूप से वीडियो प्राइवेट के तौर पर अपलोड होते हैं, ताकि उन्हें पब्लिक करने से पहले यूज़र्स उनकी समीक्षा कर सकें और उनमें बदलाव कर सकें।
इसके अलावा ज़्यादा ऊंचे टियर वाले सब्सक्राइबर हर महीने 1,000 तक AI वीडियो बना सकते हैं, जिससे यह पता चलता है, कि Google, Vids को एक ज़्यादा संपूर्ण कंटेंट बनाने वाले प्लेटफ़ॉर्म के तौर पर बढ़ावा दे रहा है।