भारत का ऑटोमोबाइल उद्योग मई में मजबूत वृद्धि दर्ज करने में सफल रहा, जहां पैसेंजर व्हीकल (PV) की बिक्री में तेज उछाल देखने को मिला। SUV, इलेक्ट्रिक वाहन (EV) और हाइब्रिड गाड़ियों की बढ़ती मांग के कारण प्रमुख ऑटो कंपनियों ने मजबूत प्रदर्शन किया। इस दौरान Maruti Suzuki India, Tata Motors, Mahindra & Mahindra, Hyundai Motor India, Kia India और Toyota Kirloskar Motor जैसी कंपनियों ने अच्छी वृद्धि दर्ज की।
भारत की शीर्ष छह ऑटो कंपनियों की संयुक्त घरेलू पैसेंजर व्हीकल बिक्री मई में 27.1% बढ़कर 413,445 यूनिट हो गई, जो पिछले वर्ष इसी अवधि में 325,406 यूनिट थी।
ब्रोकरेज रिपोर्ट्स के अनुसार Nomura Holdings और HSBC Holdings जैसी संस्थाओं का मानना है, कि बढ़ती पेट्रोल और डीजल कीमतें अब इलेक्ट्रिक और वैकल्पिक ईंधन वाहनों की मांग को बढ़ा रही हैं।
Maruti Suzuki ने मई में अपना अब तक का सबसे अच्छा प्रदर्शन किया और 193,535 घरेलू यूनिट्स की बिक्री दर्ज की, जो पिछले वर्ष 138,690 यूनिट्स थी।
कंपनी के अनुसार बढ़ती ईंधन कीमतें आमतौर पर छोटी कारों की मांग को प्रभावित करती हैं, लेकिन इस बार मजबूत बाजार मांग बनी रही।
कुल थोक बिक्री (निर्यात सहित) 242,688 यूनिट्स रही, जो 35% वृद्धि दर्शाती है।
Tata Motors ने मई में 59,090 यूनिट्स की घरेलू बिक्री दर्ज की, जो 42% सालाना वृद्धि है।
टाटा मोटर्स भारत के किफायती EV बाजार में मजबूत स्थिति बनाए हुए है, खासकर ₹15 लाख से कम कीमत वाले सेगमेंट में।
Mahindra & Mahindra ने SUV सेगमेंट में मजबूत प्रदर्शन जारी रखा:
कंपनी ने बताया कि मांग मजबूत बनी हुई है, लेकिन सप्लाई चेन और मैनपावर की चुनौतियाँ जारी हैं।
Hyundai Motor India की बिक्री:
Kia India:
Toyota Kirloskar Motor:
Bajaj Auto ने मई में:
निर्यात में मजबूत वृद्धि ने कुल प्रदर्शन को समर्थन दिया।
पेट्रोल और डीजल की कीमतें अप्रैल से लगभग ₹8 प्रति लीटर बढ़ी हैं, जिससे EV और हाइब्रिड वाहनों की मांग में वृद्धि हुई है। वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतें $100 प्रति बैरल से ऊपर बनी हुई हैं।
निष्कर्ष:
मई के आंकड़े दर्शाते हैं, कि भारत का ऑटो सेक्टर मजबूत बना हुआ है, भले ही ईंधन कीमतें और वैश्विक अनिश्चितताएँ मौजूद हों। SUV, EV और हाइब्रिड वाहनों की बढ़ती मांग आने वाले महीनों में भी उद्योग की वृद्धि को गति दे सकती है।